क्या चल रहा है ?
पाकिस्तानी दुश्मन के हाथ की घड़ी का वक्त भी देख लेगा भारत का ये सैटेलाइट | अनुच्छेद 370: अमित शाह ने इस बड़े कारण से लद्दाख को कश्मीर से अलग किया? | प्रधानमंत्री 15 अगस्त को लाल किले पर ही क्यों फहराते हैं तिरंगा? | भारत को 15 अगस्त 1947 की रात 12 बजे ही आजादी क्यों मिली? | पाकिस्तान 15 अगस्त को आजाद हुआ लेकिन 14 अगस्त का क्यों मनाता है स्वतंत्रता दिवस? | बिहार के रवीश कुमार ने नरेंद्र मोदी की बोलती की बंद! मिला रेमन मैग्सेसे अवार्ड | क्या है कश्मीर का इतिहास? कश्मीर के लिए क्यों लड़ते हैं भारत-पाकिस्तान? | चांद पर एलियन का पता लगाएगा भारत का चंद्रयान-2? | चंद्रयान-2: अगर भारत को चांद पर मिली ये चीज तो दुनिया पर करेगा राज | लिफ्ट से चांद पर पहुंचना होगा आसान, चंद्रयान जैसे मिशन की भी जरूरत नहीं? | क्या है धारा 370? जम्मू कश्मीर से मोदी सरकार ने क्यों हटा दी? | चंद्रयान-2: इसरो के कदमों में गिरा नासा, मदद की मांगी भीख | चंद्रयान-2 का सच! क्या चांद पर वाकई पानी है? | चंद्रयान-2: लॉन्चिंग से पहले इसरो ये टोटका नहीं करता तो मिशन फेल हो जाता? | 'बाहुबली' चंद्रयान-2 को कंधे पर उठाकर चांद पर पहुंचाएगा?... | Xiaomi के Redmi K20 और Redmi K20 Pro ने तहलका मचा दिया... | बिहार में हर साल बाढ़ से तबाही क्यों मचती है? | Hyudai की Venue कार कैसी है? | अगर स्टडी में इंटरेस्ट नहीं हो तो ऐसे स्टूडेंट्स को क्या करना चाहिए? | 10 महीने की उम्र में इस बच्ची का वजन जानकर हर कोई दंग रह गया, देखें वीडियो |

अगर विपक्ष इन तरीकों को अपनाए तो चुनाव में BJP का विजयी रथ जरूर रोका जा सकता है...

अगर विपक्ष इन तरीकों को अपनाए तो चुनाव में BJP का विजयी रथ जरूर रोका जा सकता है...
साल 2014 के लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता प्रार्टी ने पूर्ण बहुमत के साथ नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार बनाई थी. उसके बाद से ही बीजेपी ने राज्यों के विधानसभा चुनावों में भी विरोधी पार्टियों को धुल चटाई. जिसके कारण बीजेपी ने लगभग हर राज्य के विधानसभा चुनाव में जीत हासिल की. विरोधी पार्टियां भी अब तक बीजेपी के चुनावी जीत के रथ को रोकने में नाकाम साबित हुई है. अब साल 2019 का लोकसभा चुनाव नजदीक है. ऐसे में विरोधी पार्टियां भी बीजेपी को मात देने के लिए कमर कस चुकी है. लेकिन बीजेपी को हराना मुश्किल तो है लेकिन नामुमकीन नहीं है. तो आइए जानते हैं कि विरोधी पार्टियां कैसे बीजेपी को आने वाले चुनावों में शिकस्त दे सकती है... गठबंधन कहावत है कि संगठन में ही शक्ति है. ऐसे में अगर बीजेपी को मात देनी है तो विरोधी पार्टियों के एकजुटता दिखानी होगी. अगर विपक्ष एक नहीं होगा तो बीजेपी को हरा पाना ढेढ़ी खीर की तरह है. अगर विपक्ष आने वाले चुनावों में मिलकर चुनाव लड़े तो बीजेपी को हरा पाना काफी आसान काम हो जाएगा क्योंकि इससे वोटों का बंटवारा नहीं होगा. साथ ही विरोधी पार्टियां एक साथ आकर बीजेपी को ध्वस्त करने में कामयाबी हासिल कर सकती है. गठबंधन बनाकर चुनाव लड़ने से चुनाव के दौरान वोट फीसदी किसी पार्टी के लिए बढ़ जाता है. ऐसे में बीजेपी के वोट शेयर से कहीं ज्यादा वोट शेयर गठबंधन बनाकर हासिल किया जा सकता है. किस्मत का दरवाजा खोलना है तो घर में जरूर लगाने चाहिए ये पौधे बयान से बचाव कई बार नेता फालतू के बयान देने के कारण अपनी पार्टी का ही नुकसान कर देते हैं. चुनावों से पहले कई बार ऐसा देखा गया है कि पार्टी का कोई नेता अनाप शनाप बयान देकर निशाने पर आ जाता है और इसका खामियाजा चुनाव के दौरान पूरी पार्टी को उठाना पड़ता है. ऐसे में अगर विपक्ष को बीजेपी को मात देनी है तो फालतू के बयानों से दूर रहना होगा. वरना यही फालतू के बयान विपक्ष की डूबती नैया को और ले डूबेंगे. सोशल मीडिया बीजेपी की सोशल मीडिया टीम काफी मजबूत बताई जाती है. सोशल मीडिया पर अपनी मौजूदगी के कारण बीजेपी लोगों के बीच अपनी जगह बना चुकी है. बीजेपी का लगभग हर छोटे से बड़ा नेता सोशल मीडिया पर एक्टिव है. ऐसे में विपक्ष को इसे काउंटर करने के लिए भी अपनी सोशल मीडिया टीम को मजबूत करना होगा. सोशल मीडिया के जरिए विपक्ष को लोगों से जुड़ना होगा. जितना ज्यादा सोशल मीडिया पर विपक्ष निखर कर सामने आएगा, उतना ही बीजेपी को मात देने में आसनी होगी. प्रचार बीजेपी एक ऐसी पार्टी है जो अपना प्रचार करना बखूबी जानती है. ऐसे में विपक्ष को चाहिए कि वो भी अपना प्रचार जमकर करे. विपक्षी पार्टियां जितना अपना प्रचार करेगी, उतनी ही लोगों में अपनी पहुंच बना पाने में सक्षम हो सकेगी. ऐसे में विपक्ष को चुनावी दंगल में जीत हासिल करने के लिए अपने प्रचार में कमी नहीं रखनी चाहिए. लोगों से जुड़ाव साल 2014 में कांग्रेस लोगों से एक दम कट चुकी थी, जिसका फायदा बीजेपी ने बखूबी उठाया और अपनी सरकार बना ली. अब कांग्रेस और विपक्षी पार्टियों को चाहिए की वो लोगों से ज्यादा से ज्यादा जुड़ें. विपक्ष के नेता लोगों से जितना जुड़ेंगे, उतना ही विपक्ष चुनाव के लिए अपना आधार मजबूत कर सकेगा. दोस्तों, कमेंट बॉक्स में कमेंट कर जरूर बताएं कि आप किस राजनीतिक पार्टी का समर्थन करते हैं. कमेंट में जिस पार्टी का नाम सबसे ज्यादा होगा आने वाले चुनाव में उसकी जीत पक्की मानी जा सकती है!